गलत सूचना देने से परहेज करे झामुमो – महापौर

गलत सूचना देने से परहेज करे झामुमो - महापौर

मेयर ने पूछा सवाल, झामुमो प्रत्याशी का खतियान सही था क्या?

गिरिडीह : महापौर कार्यालय कक्ष में गुरूवार को मेयर सुनील पासवान ने जाति प्रमाण-पत्र को लेकर झामुमो द्वारा लगातार किए जा रहे हमले पर पलटवार करते हुए कहा कि गलत सूचना देने से पार्टी परहेज करे। कहा कि कई आरोपों से घिरी झामुमो भाजपा को आइना दिखा रही है। खबरनवीसों से मुखातिब श्री पासवान ने कहा कि 17 अगस्त के बाद जाति प्रमाण पत्र को लेकर झामुमो लगातार जनता को बरगला रहा है। सुनील पासवान ने ना कभी जनता को ठगा है और न भविष्य में ऐसा करेंगे। उन्होंने कहा कि झारखंड म्यूनिसिपल 2011 के अनुसार नगर निकाय चुनाव में कहीं नही दर्शाया गया है कि 1950 का पेपर होना चाहिए। झामुमो बताए मेयर अनुसूचित जाति में आता है या नही? उन्होंने कहा कि 1995, 2005, 2010 व 2015 व 2018 में सर्टिफिकेट दिया गया,  कहा कि 16 अगस्त तक मेरी जाति दुसाध थी, 17 के बाद जाति बदल गई क्या?  उन्होंने कहा कि यह केवल मेरा मामला नही है, विगत 75 सालों से झारखंड में रह रहे लोगो को चुनाव लड़ने का हक है या नही?  कहा कि 24 अप्रैल 2016 को लागू स्थानीय नीति के अनुसार मैं स्थानीय हूं। नगर निकाय अधिनियम में साफ कहा गया है कि नियोजन नीति चुनाव में लागू नहीं होती। झारखंड म्यूनिसिपल एक्ट 2011 के अनुसार चुनाव में खतियान की जरूरत नहीं होती।

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सीओ के आदेश के खिलाफ कोर्ट में दिया गया है रि-ज्वाइंडर

एक सवाल के जबाव में श्री पासवान ने कहा कि सीओ के आदेश के खिलाफ कोर्ट में रि-ज्वाइंडर दिया गया है। अधिकारी के खिलाफ जायेंगे के सवाल पर पासवान ने कहा कि अभी कुछ कहना जल्दबाजी होगी।

नैतिकता की बात कर रही पार्टी के नेता के खिलाफ चल रही है एसीबी जांच- विधायक

मौके पर मौजूद स्थानीय विधायक निर्भय कुमार शाहाबादी ने कहा कि नैतिकता के आधार पर इस्तीफा की मांग कर रहे पार्टी के नेता के खिलाफ एसीबी जांच चल रही है, क्या उनके नेता ने इस्तीफा दे दिया। कहा कि शैक्षणिक व चुनाव दो अलग-अलग मामला है। उन्होंने कहा कि 45 प्रतिशत लोगो के पास 1950 का खतियान नही है, वैसे लोगो को झारखंड में रहने का हक या नही? शाहाबादी ने कहा कि झामुमो जितने दिन सता में रही स्थानीय नीति परिभाषित नही कर पायी। उन्होंने स्थानीय झामुमो नेताओं को सलाह दी कि पढ़ने-लिखने की उम्र में ओछी राजनीति न करें।

विधायक ने उठाए कई सवाल

लगातार शब्दों के बाण से भाजपा को चोटिल कर रही झामुमो पर स्थानीय विधायक ने कई सवाल दागा। पूछा शशिकांत झा हत्याकांड मामले में पार्टी सुप्रीमो बगैर कोर्ट में साबित हुए जेल गए। कहा कि डुमरी विधायक पुलिस इंसपेक्टर हत्याकांड में आरोपी है, इसी प्रकार सिल्ली व गोमिया विधायक सहित सैकड़ो झामुमो नेताओं पर कई आरोप हैं, तो क्या बगैर कोर्ट से सजा मुकर्रर किए आरोपी ने पद से इस्तीफा दे दिया या जेल चले गए। कहा कि दूसरे पर अंगुली उठाने से पहले झामुमो को खुद अपने गिरेबां में झांक लेना चाहिए।

प्रमीला मेहरा पर उठाया गया सवाल

विधायक ने नगर निकाय चुनाव में झामुमो उम्मीदवार रही प्रमीला मेहरा द्वारा जमा खतियान पर सवाल उठाया। कहा कि अंचलाधिकारी के पत्रांक 854 दिनांक 12.4.2018 की जांच रिपोर्ट में साफ कहा गया है कि जाति प्रमाण पत्र में जो खतियान लगाया गया है उसकी वंशज प्रमीला मेहरा नहीं हैं। फर्जीवाड़ा करने वाला भाजपा से सवाल कर रहा है। मौके पर भाजपा जिलाध्यक्ष सुनील अग्रवाल व उप महापौर प्रकाश सेठ भी मौजूद थे।

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